Skip to main content

हरियाणा में 2 लाख सरकारी नौकरी देंगे, हर जाति को बराबर मिलेगी : राहुल गांधी


 

हरियाणा विधानसभा चुनावों में पिछले काफी दिनों से चर्चा का विषय बने कुमारी सैलजा की नाराजगी का गुरुवार को सुखद पटाक्षेप सामने आया है। राहुल गांधी की असंध रैली में कुमारी सैलजा के साथ मंच पर भूपेंद्र हुड्‌डा भी मौजूद रहे। रैली के मंच में राहुल गांधी के एक तरफ भूपेंद्र हुड्‌डा और दूसरी तरफ प्रदेश प्रमुख उदय भान मौजूद रहे। उदय भान के दाहिनी ओर कुमारी सैलजा बैठीं। राहुल गांधी ने असंध की रैली से कांग्रेस की एकजुटता का संदेश दिया। राहुल गांधी की रैली के बाद चर्चा हो रही है कि क्या वाकई में कांग्रेस पार्टी चुनावों में अब इस मुद्दे बीजेपी को घेरने का मुद्दा नहीं देगी या फिर नेताओं की बयानबाजी जारी रहेगी

राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि सैलजा और हुड्‌डा के बीच कोई बड़ा विवाद नहीं था। इस विवाद को बीजेपी ने काफी तूल दे दिया था। इसके बाद यह लाजिमी था कि राहुल गांधी दोनों नेताओं को एक मंच लाने जैसा कुछ करें। मंच पर दोनों नेताओं की मौजूदगी से राहुल गांधी ने ऑल इल वेल का मैसेज दिया है लेकिन अगले कुछ दिनों में अगर प्रचार के दौरान कांग्रेस की अंदरुनी खींचतान बंद होती है तो ही इस सफल माना जाएगा। राजनीतिक विश्लेषक नवीन धमीजा कहते हैं कि इससे अच्छा संकेत जाएगा। बीजेपी जिसे मुद्दा बना रही है और सैलजा को बुलाने के लिए दरवाजे खोल रही थी। कम से कम उसे पर राहुल गांधी ने पानी डाल दिया है।

राहुल गांधी ने असंध की रैली में जहां ऑल इज वेल का संदेश दिया और बेरोजगारी के मुद्दे को उठाया तो वहीं दूसरी रैली पीएम मोदी पर हमला बोला। राहुल गांधी ने कहा कि मोदी जी का चेहरा देखा, पहले 56 इंच की छाती होती थी, अब नॉन बायोलॉजिकल बताते हैं। राहुल गांधी ने कहा कि पीएम मोदी काले कानून लाते हैं। जो किसानों के पास है, वो भी छीन लेना चाहते हैं। अरबपतियों का कर्ज माफ कर दिया। हरियाणा में ड्रग समस्या बढ़ रही है। किसी को सजा नहीं होती।


राहुल गांधी ने दूसरी रैली में अग्निवीर से लेकर जवानों से पेंशन, शहीद का दर्जा छीनने और यौन उत्पीड़न के आरोपियों को बचाने का आरोप लगाया। राहुल गांधी ने कहा कि हरियाणा की जनता की जेब में डायरेक्ट रुपये देंगे। किसानों को फसलों का पैसा नहीं दिया जा रहा। राहुल गांधी ने एक बार फिर सब अंबानी-अडानी पर हमला बोला और कहा उनकी की जेब में जा रहा

Comments

Popular posts from this blog

चंडीगढ़ पर केंद्र का कब्ज़ा, पंजाब-हरियाणा के अधिकारों पर सीधा हमला: कांग्रेस नेता भगवंत सिंह भांबा

  चंडीगढ़/करनाल, 23 नवम्बर:   केंद्र सरकार द्वारा संसद के शीतकालीन सत्र में पेश किए जाने वाले संविधान (131वाँ संशोधन) विधेयक, 2025 को लेकर पंजाब और हरियाणा में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। इस विधेयक के तहत चंडीगढ़ को संविधान के अनुच्छेद 240 में शामिल कर सीधे राष्ट्रपति के अधीन किया जाएगा। वरिष्ठ कांग्रेस नेता और पूर्व चेयरमैन भगवंत सिंह भांबा ने इस कदम को पंजाब और हरियाणा के अधिकारों पर सीधा हमला बताया है।   भांबा ने कहा कि चंडीगढ़ पंजाब की भूमि पर बसाया गया था और 1966 में हरियाणा के गठन के बाद इसे दोनों राज्यों की साझा राजधानी के रूप में रखा गया। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार का यह संशोधन पंजाब और हरियाणा की ऐतिहासिक दावेदारी को खत्म कर देगा और चंडीगढ़ को पूरी तरह केंद्र के अधीन कर देगा।   उन्होंने कहा, “यह विधेयक संघीय ढाँचे पर सीधा प्रहार है। पंजाब और हरियाणा की जनता इसे कभी स्वीकार नहीं करेगी। चंडीगढ़ हमारी पहचान और अधिकार का प्रतीक है, इसे दिल्ली की सत्ता के हवाले करना विश्वासघात है।”   भांबा ने  कहा कि कांग्रेस पार्टी इस मुद्द...

गुरु नानक दरबार, भंभा कॉलोनी निसिंग में श्रद्धा और सेवा के साथ मनाया गया गुरु नानक देव जी का पावन प्रकट दिवस

गुरु नानक दरबार, भंभा कॉलोनी निसिंग में श्रद्धा और सेवा के साथ मनाया गया गुरु नानक देव जी का पावन प्रकट दिवस निसिंग, 5 नवम्बर —  गुरु नानक देव जी महाराज का पावन प्रकट दिवस इस वर्ष भी गुरु नानक दरबार, भंभा कॉलोनी निसिंग में बड़े धूमधाम और श्रद्धा के साथ मनाया गया। स्थानीय श्रद्धालुओं और सेवादारों ने मिलकर पूरे आयोजन को सेवा, समर्पण और भाईचारे की मिसाल बना दिया। सेवादारों ने श्रद्धा भाव से चाय-पकौड़ों की सेवा की और गुरु का लंगर चलाया, जिसे गुरु की प्यारी संगत ने श्रद्धा पूर्वक ग्रहण किया। निसिंग और आसपास के क्षेत्रों से आए लोगों ने बिना किसी धार्मिक भेदभाव के गुरु घर में हाज़िरी भरी और गुरु साहिब के उपदेशों को अपने मन में बसाया। मुख्य सेवादार भगवंत सिंह भंभा, अमर सिंह, पंजाब सिंह आदि ने नौजवान संगत के साथ मिलकर सेवा कार्यों में बढ़-चढ़कर भाग लिया। हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी श्रद्धालुओं ने पूरे उत्साह और श्रद्धा के साथ आयोजन में हिस्सा लिया, जिससे वातावरण में आध्यात्मिक ऊर्जा और सामाजिक एकता की भावना जागृत हुई। गुरु नानक देव जी के जीवन और शिक्षाओं को समर्पित यह आयोजन समाज में प्रेम, सम...

पंजाब यूनिवर्सिटी को लेकर पूर्व चेयरमैन भगवंत सिंह भांबा का तीखा बयान: "पंजाबियों की विरासत से खेलने की हिम्मत न करें केंद्र और राज्य सरकारें"

  पंजाब यूनिवर्सिटी को लेकर पूर्व चेयरमैन भगवंत सिंह भांबा का तीखा बयान: "पंजाबियों की विरासत से खेलने की हिम्मत न करें केंद्र और राज्य सरकारें" करनाल , 10 नवम्बर 2025 —  पंजाब यूनिवर्सिटी को लेकर चल रहे विवाद पर पूर्व चेयरमैन भगवंत सिंह भांबा ने छात्रों और सामाजिक कार्यकर्ताओं के समर्थन में एक तीखा और भावनात्मक बयान जारी किया है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि केंद्र सरकार और पंजाब सरकार को पंजाबियों की भावनाओं से खेलने की हिम्मत नहीं करनी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि पंजाबी विरासत को छीनने की किसी भी कोशिश को पंजाब की जनता कभी स्वीकार नहीं करेगी। भांबा ने कहा कि पंजाब, हरियाणा या कोई भी राज्य अपनी यूनिवर्सिटियों और सांस्कृतिक धरोहरों का संरक्षक है और उन्हें अपने तरीके से इन्हें सुरक्षित रखने का पूरा अधिकार है। उन्होंने छात्रों और कार्यकर्ताओं द्वारा चलाए जा रहे आंदोलन को पूरी तरह न्यायोचित बताया और कहा कि यह केवल एक शैक्षणिक संस्थान की रक्षा नहीं, बल्कि पंजाब की आत्मा की रक्षा का संघर्ष है। उनके अनुसार, सरकारें आती-जाती रहती हैं, लेकिन विरासत स्थायी होती है। पंजाब यूनिव...