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हरियाणा कांग्रेस को बड़ा झटका: प्रोफेसर सम्पत सिंह ने पार्टी से दिया इस्तीफा, हुड्डा पर गंभीर आरोप

 हरियाणा कांग्रेस को बड़ा झटका: प्रोफेसर सम्पत सिंह ने पार्टी से दिया इस्तीफा, हुड्डा पर गंभीर आरोप



चंडीगढ़, 2 नवम्बर 2025 — हरियाणा की राजनीति में हलचल मचाते हुए वरिष्ठ कांग्रेस नेता और पूर्व वित्त मंत्री प्रोफेसर सम्पत सिंह ने पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को भेजे पत्र में पार्टी नेतृत्व पर गंभीर आरोप लगाए हैं और कहा है कि कांग्रेस अब जनहित की लड़ाई लड़ने में असमर्थ हो चुकी है।


सम्पत सिंह ने अपने पत्र में लिखा कि उन्हें लगातार 2019 और 2024 के विधानसभा चुनावों में टिकट से वंचित रखा गया, जिससे यह स्पष्ट हो गया कि पार्टी में योग्यता और अनुभव की कोई अहमियत नहीं रही। उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के नेतृत्व में हरियाणा कांग्रेस में गुटबाज़ी, परिवारवाद और वरिष्ठ नेताओं की उपेक्षा चरम पर है। उन्होंने यह भी कहा कि पार्टी में अब ईमानदार और जमीनी कार्यकर्ताओं की कोई सुनवाई नहीं होती, जिससे संगठन की जड़ें कमजोर हो गई हैं।


गौरतलब है कि प्रोफेसर सम्पत सिंह ने 2009 में इंडियन नेशनल लोक दल (INLD) छोड़कर कांग्रेस का दामन थामा था। 2019 में वे भाजपा में शामिल हुए थे, लेकिन 2024 में उन्होंने कांग्रेस में वापसी की थी। अब एक बार फिर उन्होंने पार्टी से नाता तोड़ लिया है, जिससे अटकलें लगाई जा रही हैं कि वे INLD में पुनः सक्रिय हो सकते हैं, हालांकि उन्होंने इस पर कोई स्पष्ट बयान नहीं दिया।


उनके इस्तीफे को हरियाणा कांग्रेस के लिए एक राजनीतिक और नैतिक झटका माना जा रहा है, खासकर ऐसे समय में जब पार्टी राज्य में अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश कर रही है। सम्पत सिंह का यह कदम न केवल पार्टी के अंदरूनी हालात को उजागर करता है, बल्कि यह भी संकेत देता है कि अनुभवी नेताओं की उपेक्षा पार्टी के भविष्य के लिए घातक हो सकती है।


राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि सम्पत सिंह का यह फैसला आगामी विधानसभा चुनावों से पहले हरियाणा की राजनीति में नए समीकरण पैदा कर सकता है।


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